
राजकुमार / हरिद्वार। उत्तराखंड जल संस्थान का नाम लिखे एक ट्रैक्टर द्वारा खुले नाले में अपशिष्ट जल प्रवाहित किए जाने का मामला सामने आने पर कोतवाली नगर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए ट्रैक्टर और उसके चालक को हिरासत में ले लिया है। मामले में मुकदमा दर्ज कर वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।
जानकारी के अनुसार 30 मई 2026 को उत्तराखंड जल संस्थान कार्यालय, जोन-प्रथम भूपतवाला के अपर सहायक अभियंता ने कोतवाली नगर पुलिस को लिखित तहरीर देकर शिकायत की थी कि एक अज्ञात व्यक्ति ट्रैक्टर-सेक्शन मशीन पर विभाग का नाम अंकित कर अपशिष्ट जल को खुले नाले में प्रवाहित कर रहा है। शिकायत के आधार पर पुलिस ने मुकदमा संख्या 276/2026 के तहत धारा 279 एवं 319(2) बीएनएस में अभियोग पंजीकृत किया।
मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर चौकी प्रभारी सप्तऋषि उपनिरीक्षक विक्रम सिंह बिष्ट के नेतृत्व में पुलिस टीम ने जांच शुरू की। सुरागरसी और पतारसी के दौरान पुलिस ने संबंधित ट्रैक्टर और उसके चालक को चिन्हित कर पकड़ लिया।
पूछताछ में चालक ने अपनी पहचान लाल सिंह पुत्र रोशन लाल निवासी ग्राम ब्रह्मपुर, थाना कोतवाली रुड़की के रूप में बताई। उसने बताया कि ट्रैक्टर उसके रिश्ते के भांजे स्वर्गीय सोनू पुत्र रमेश कुमार का था। चालक के अनुसार ट्रैक्टर पूर्व में शिवालिक नगर स्थित जल संस्थान में कार्यरत था, जिसके कारण उस पर “उत्तराखंड जल संस्थान” अंकित कराया गया था। ट्रैक्टर स्वामी की मृत्यु के बाद भी यह नाम नहीं हटाया गया और उसी का उपयोग कर वह निजी ठेकों पर अपशिष्ट जल का परिवहन कर खुले नालों में प्रवाहित करता था।
पुलिस ने ट्रैक्टर को कब्जे में लेकर मुकदमे में दाखिल कर दिया है तथा उसे चौकी परिसर में सुरक्षित खड़ा कराया गया है। मामले में आगे की जांच और वैधानिक कार्रवाई जारी है।
पुलिस टीम में उपनिरीक्षक विक्रम सिंह बिष्ट एवं चेतक पुलिस कर्मी शामिल रहे।
