
राजकुमार / हरिद्वार। सिक्ख समाज के पांचवे गुरु गुरु अर्जुन देव के शहीदी दिवस पर निर्मल विरक्त कुटिया गुरुद्वारे में कार्यक्रम आयोजित किया गया। देर रात तक चले धार्मिक कार्यक्रम में भाई हरप्रीत सिंह, भाई हरजीत सिंह और भाई मालक सिंह ने संगत को शब्द कीर्तन सुनाया। इस अवसर पर बाबा पंडत ने कहा कि गुरु अर्जुन देव की शहादत युगों-युगों तक याद रखी जाएगी। उनके जैसा सहनशील महापुरुष कोई नहीं है। जिसने गर्म तवे और गर्म रेत पर बैठकर कौम के लिए अपना बलिदान दिया। उन्होंने कहा कि गुरुद्वारा ज्ञान गोदडी के लिए सिक्ख समाज संघर्ष कर रहा है। शासन प्रशासन को समाज की भावनाओं के साथ खिलवाड़ नहीं करना चाहिए और जल्द से जल्द मूल स्थान आवंटित किया जाए। सूबा सिंह ढिल्लों ने कहा कि कर्णप्रयाग की घटना बहुत शर्मसार करने वाली है। इसके कारण सिक्ख समाज में बहुत रोष है। प्रशासन की कार्यवाही सवालों के घेरे में है। जल्द से जल्द गिरफ्तार किए गए युवकों को छोड़ा जाए।
इस अवसर पर मनप्रीत सिंह, उज्जल सिंह सेठी, हरभजन सिंह बाजवा, परगट सिंह, जोगिंदर सिंह, गुरजंट सिंह, रौनक सिंह, हैप्पी सिंह, रणदीप सिंह, हरजोत सिंह, सिमरनजीत सिंह, हरमीत सिंह आदि उपस्थित रहे।
