
राजकुमार / हरिद्वार। कार्तिक महीने की संक्रांत और गुरु रामदास का प्रकाश पर्व समस्त गुरुद्वारों में मनाया गया। इस दौरान निर्मल विरक्त कुटिया डेरा कार सेवा गुरुद्वारे, निर्मल संतपुरा आश्रम गुरुद्वारा, गोल गुरुद्वारा, सिंह सभा गुरुद्वारा, ज्ञान गोदडी गुरुद्वारा धरना स्थल आदि में सुखमनी साहिब का पाठ, शब्द कीर्तन किया गया। जिसमें सुबह से देर रात तक श्रद्धालु गुरुद्वारा में माथा टेकने पहुंचे। कथावाचक संत बलजिंदर सिंह शास्त्री ने कथा सुनाकर संगत को निहाल किया। इस अवसर पर संत जगजीत सिंह शास्त्री ने कहा कि कार्तिक का महीना बहुत पवित्र महीना होता है। इस महीने प्रथम गुरु गुरु नानक देव का प्रकाश हुआ था। उन्होंने कहा कि इस वर्ष गुरु तेग बहादुर का 350 वा शहादत वर्ष भी है। उनकी याद में अगले महीने बड़ा समागम आयोजित किया जाएगा।
इस अवसर पर संत मंजीत सिंह, संत तरलोचन सिंह, बाबा पंडत, सूबा सिंह ढिल्लो, ज्ञानी पंकज सिंह, उज्जल सिंह सेठी, सतपाल सिंह, बलजीत सिंह, मंजीत सिंह, सुरजीत सिंह, हरमोहन सिंह, हरभजन सिंह, सरबजीत कौर, नैनी महेंद्रू, जसविंदर सिंह, अपनिंदर कौर आदि उपस्थित रहे।
